भारत में शिक्षण पेशा हमेशा से सम्मान और स्थिर करियर का प्रतीक रहा है। शिक्षक केवल किताबों का ज्ञान नहीं देता, बल्कि बच्चों के व्यक्तित्व और भविष्य को आकार देता है। इसी कारण हर साल बड़ी संख्या में युवा शिक्षक बनने का सपना देखते हैं। अब एक वर्षीय बी.एड कोर्स की वापसी की चर्चा ने उन युवाओं के लिए नई उम्मीद जगाई है जो कम समय में पेशेवर शिक्षक बनना चाहते हैं।
बी.एड यानी बैचलर ऑफ एजुकेशन डिग्री शिक्षक बनने के लिए अनिवार्य मानी जाती है। पहले यह कोर्स दो साल का होता था, जिससे कई अभ्यर्थी समय और खर्च के कारण पीछे हट जाते थे। अब एक साल की अवधि वाला नया प्रारूप उन लोगों के लिए फायदेमंद हो सकता है जिन्होंने पहले से चार वर्षीय स्नातक या परास्नातक की पढ़ाई पूरी कर ली है। प्रस्तावित पात्रता के अनुसार सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम पचास प्रतिशत अंक और आरक्षित वर्ग के लिए लगभग पैंतालीस प्रतिशत अंक आवश्यक हो सकते हैं।
नई शिक्षा नीति के तहत इस कोर्स को अधिक व्यावहारिक और कौशल आधारित बनाया जा रहा है। इसमें केवल सिद्धांत पर नहीं, बल्कि शिक्षण कौशल, बाल मनोविज्ञान, कक्षा प्रबंधन और आधुनिक तकनीक के उपयोग पर जोर दिया जाएगा। डिजिटल शिक्षा, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म और स्मार्ट कक्षाओं के अनुरूप प्रशिक्षण भी पाठ्यक्रम का हिस्सा होगा। इससे भविष्य के शिक्षक बदलते समय के साथ कदम मिला सकेंगे।
प्रवेश प्रक्रिया को ऑनलाइन और पारदर्शी बनाने की योजना है ताकि दूरदराज के क्षेत्र के छात्र भी आसानी से आवेदन कर सकें। उम्मीदवारों को यह सुनिश्चित करना होगा कि वे मान्यता प्राप्त संस्थान में ही प्रवेश लें, क्योंकि डिग्री की वैधता उसी पर निर्भर करेगी। सरकारी कॉलेजों में फीस अपेक्षाकृत कम रहने की संभावना है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के छात्रों को भी लाभ मिल सके।
व्यावहारिक प्रशिक्षण इस कोर्स का महत्वपूर्ण भाग होगा। विद्यालयों में इंटर्नशिप के माध्यम से छात्र वास्तविक कक्षा अनुभव प्राप्त करेंगे। इससे वे बच्चों की जरूरतों को समझ पाएंगे और आत्मविश्वास के साथ शिक्षण कार्य कर सकेंगे। बी.एड पूरी करने के बाद केंद्रीय और राज्य स्तरीय शिक्षक पात्रता परीक्षाएं पास करके सरकारी या निजी विद्यालयों में नौकरी के अवसर प्राप्त किए जा सकते हैं।
एक वर्षीय बी.एड कोर्स उन युवाओं के लिए सुनहरा अवसर है जो कम समय में अपने करियर की शुरुआत करना चाहते हैं। यह कदम शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने और योग्य शिक्षकों की संख्या बढ़ाने में सहायक हो सकता है।
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डिस्क्लेमर: यह लेख सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। बी.एड कोर्स की अवधि, पात्रता और फीस से संबंधित अंतिम निर्णय संबंधित शिक्षा प्राधिकरण और सरकारी अधिसूचना के अनुसार ही मान्य होंगे। आवेदन से पहले आधिकारिक सूचना अवश्य जांचें।








